विश्व स्तनपान सप्ताह समापन पर पुरस्कार वितरण
नवजात शिशु के संपूर्ण शारीरिक एवं मानसिक विकास पर चर्चा

लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। नवजात शिशु के संपूर्ण शारीरिक एवं मानसिक विकास पर चर्चा की गयी। शुक्रवार को
डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के कॉलेज ऑफ नर्सिंग द्वारा इंडियन एसोसिएशन ऑफ नियोनेटल नर्सेस एवं आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ के सहयोग से आयोजित विश्व स्तनपान सप्ताह का समापन विशेषज्ञ व्याख्यान एवं वैलेडिक्टरी सत्र के साथ किया गया।
इस वर्ष की थीम “जीवन की सतत एवं स्वस्थ शुरुआत के लिए स्तनपान: जो प्रभावी है, उसे और सशक्त बनाएं” रही।
कार्यक्रम में प्रो दीप्ति अग्रवाल, प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष, बाल रोग विभाग, राम प्रकाश गुप्ता मेमोरियल मदर एंड चाइल्ड स्टेट रेफरल हॉस्पिटल तथा डॉ. अशोक कुमार,
सहायक प्रोफेसर, बाल रोग विभाग ने विशेषज्ञ व्याख्यान प्रस्तुत किए। उन्होंने जन्म के प्रथम घंटे में स्तनपान प्रारंभ करने, पहले छह माह तक केवल माँ का दूध देने तथा दो
वर्ष अथवा उससे अधिक समय तक पूरक आहार के साथ स्तनपान जारी रखने के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। विशेषज्ञों ने नवजात शिशु के संपूर्ण शारीरिक एवं मानसिक विकास में स्तनपान की महत्वपूर्ण भूमिका पर भी चर्चा की तथा विद्यार्थियों के प्रश्नों का समाधान किया।
कार्यक्रम का संचालन वर्षा द्विवेदी, ट्यूटर, कॉलेज ऑफ नर्सिंग द्वारा किया गया।
इसके उपरांत आयोजित वैलेडिक्टरी सत्र में विश्व स्तनपान सप्ताह के अंतर्गत आयोजित क्विज प्रतियोगिता, जिंगल प्रतियोगिता एवं रोल प्ले के विजेता प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र एवं पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। साथ ही सभी प्रतिभागियों के उत्साहपूर्ण योगदान एवं उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना की गई।
कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञ वक्ताओं प्रो दीप्ति अग्रवाल एवं डॉ. अशोक कुमार को स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर प्रो शिवकुमार मुद्गल, प्राचार्य, कॉलेज ऑफ नर्सिंग एवं प्रो. निपिन कलाल, उप-प्राचार्य, कॉलेज ऑफ नर्सिंग उपस्थित रहे।
अंत में लीना प्रविल जॉन, सहायक प्राध्यापक, कॉलेज ऑफ नर्सिंग ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए सभी विशेषज्ञों, अतिथियों, संकाय सदस्यों, विद्यार्थियों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।
विश्व स्तनपान सप्ताह के अंतर्गत आयोजित सप्ताहभर की विभिन्न शैक्षणिक एवं सामुदायिक गतिविधियों ने विद्यार्थियों में स्तनपान संबंधी वैज्ञानिक ज्ञान, नेतृत्व क्षमता, रचनात्मकता, संचार कौशल एवं जन-जागरूकता के प्रति उत्तरदायित्व की भावना को सुदृढ़ किया।
कार्यक्रम का सफल आयोजन चाइल्ड हेल्थ नर्सिंग विभाग, कॉलेज ऑफ नर्सिंग द्वारा इंडियन एसोसिएशन ऑफ नियोनेटल नर्सेस एवं आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ के सहयोग से किया गया।
कार्यक्रम का समन्वय लीना प्रविल जॉन, सहायक प्राध्यापक द्वारा पार्वती सी एवं वर्षा द्विवेदी, ट्यूटर, कॉलेज ऑफ नर्सिंग के सहयोग से किया गया।



