यूनानी अस्पताल में फाउंडर बैच फाइनल प्रैक्टिकल एग्जाम
डॉ मनीराम सिंह, डॉ अब्दुल कवि रहे मौजूद

लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। राजधानी स्थित तकमिल उत्तीब यूनानी अस्पताल एवं कॉलेज में फाउंडर बैच का फाइनल प्रैक्टिकल एग्जाम कराया गया।
शनिवार को पोस्टग्रेजुएट बैच 2022 (फाउंडर बैच) का फाइनल प्रैक्टिकल एग्जाम निस्वा -ए – कबालत विभाग में परीक्षा आयोजित की गयी। जिसमें निस्वा -ए-कबालत विभागाध्यक्ष प्रो.मनीराम सिंह की देखरेख में परीक्षा सम्पन्न हुई। साथ ही
प्रैक्टिकल एग्जाम के पश्चात् कॉन्फ्रेंस हॉल में एक थीसिस प्रेजेंटेशन सेशन चलाया गया। वहीं सत्र के दौरान प्रो अब्दुल कवि प्रधानाचार्य, प्रो मनीराम सिंह, प्रो खुर्शीद आलम, डॉ अंबर सिद्दीकी, डॉ अब्दुल मलिक, डॉ साकिब, प्रोफेसर अब्दुल हकीम, प्रो कमरुल हसन लारी,डॉ बच्चू सिंह और विभाग के स्नातकोत्तर छात्र छात्राएं उपस्थित रही।
छात्रों में डॉ. सुम्बुल आलम, डॉ. नवाजिशा, और डॉ. रुश्दा फातमा ने आत्मविश्वास, स्पष्टता और अकादमिक उत्कृष्टता के साथ अपनी थीसिस प्रस्तुत की। उन्होंने प्रस्तुतियों में समर्पित शोध, ठोस वैज्ञानिक समझ और सावधानीपूर्वक तैयारी परिलक्षित हुई।
बाहरी परीक्षकों और प्रतिष्ठित संकाय सदस्यों ने अकादमिक चर्चाओं के दौरान अपने प्रयासों, प्रस्तुति कौशल सक्रिय भागीदारी की बहुत सराहना की। वहीं प्रो मनीराम सिंह ने सभी स्कॉलर्स का उत्साह भरने के लिए शायराना अंदाज में कहा कि “पथरीले पैदल पे चलना है दुश्वार,पगडंडियों पर संभलना भी चाहिए।
रफ्तार चाहे तुम्हारी कम हो ‘. मनी ‘,
मुश्किलों में रास्ते न बदलने चाहिए।”
उन्होंने कहा कि फाउंडर बैच (2022) की रिसर्च यात्रा उसी कॉन्फ्रेंस हॉल में शुरू हुई थी और उसका एकेडमिक समापन भी उसी जगह पर हुआ था। इस अनोखे संयोग ने हॉल को फाउंडर बैच की एकेडमिक और रिसर्च यात्रा से जुड़ी एक यादगार पलों में बदल दिया है। प्रो सिंह ने कहा कि
थीसिस प्रेजेंटेशन सेशन से स्कॉलर्स के बीच ज्ञान का आदान-प्रदान, क्रिटिकल थिंकिंग और प्रोफेशनल ग्रोथ को बढ़ावा मिलेगा । यह इवेंट विभाग के फाउंडर बैच (2022) के इतिहास में एक अहम एकेडमिक मील का पत्थर साबित हुआ। साथ ही प्रो सिंह ने
निस्वा-ए -कबालत डिपार्टमेंट सभी जाने-माने लोगों, बाहरी एग्जामिनर्स और स्कॉलर्स का एग्जाम और थीसिस प्रेजेंटेशन प्रोग्राम में योगदान के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।



