पैप स्मीयर जांच की तुलना में एलबीसी तकनीक अधिक प्रभावी- प्रो एमएलबी भट्ट
कल्याण सिंह कैंसर संस्थान में लिक्विड बेस्ड साइटोलॉजी जाँच सुविधा का शुभारम्भ

लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। राजधानी में लिक्विड बेस्ड साइटोलॉजी जाँच सुविधा केन्द्र का शुभारम्भ किया गया। शनिवार को
“कल्याण सिंह अति विशिष्ट कैंसर संस्थान के पैथोलॉजी विभाग में महिलाओं में सर्वाइकल कैंसर की प्रारंभिक पहचान एवं बेहतर जांच के उद्देश्य से उन्नत ‘लिक्विड बेस्ड साइटोलॉजी’ जांच सुविधा का शुभारंभ संस्थान के निदेशक, प्रो.एमएलबी भट्ट द्वारा किया गया।
प्रो. भट्ट ने बताया कि पारंपरिक पैप स्मीयर जांच की तुलना में एलबीसी तकनीक अधिक उन्नत एवं प्रभावी है। इस तकनीक में सैंपल के खराब होने की संभावना काफी कम रहती है तथा जांच के परिणाम अधिक स्पष्ट और सटीक प्राप्त होते हैं।
इससे रोग की पहचान एवं निदान में चिकित्सकों को अधिक सुविधा मिलती है। वहीं
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रो. आरएन राव, प्रोफेसर, पैथोलॉजी विभाग, SGPGI रहे।
उन्होंने LBC तकनीक एवं इसकी उपयोगिता के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि आधुनिक जांच तकनीकें सर्वाइकल कैंसर की समय पर पहचान एवं बेहतर प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
इस अवसर पर LBC तकनीक पर एक कार्यशाला का भी आयोजन किया गया। जिसमें स्त्री एवं प्रसूति रोग कैंसर विशेषज्ञ तथा पैथोलॉजी विभाग के चिकित्सकों, फैकल्टी एवं तकनीकी स्टाफ ने प्रतिभाग किया।
कार्यशाला में LBC जांच के लिए सैंपल लेने की सही प्रक्रिया, सैंपल के संरक्षण एवं प्रोसेसिंग की तकनीक के बारे में विशेषज्ञों द्वारा व्यावहारिक जानकारी एवं प्रशिक्षण दिया गया।
पैथोलॉजी विभाग, कल्याण सिंह कैंसर संस्थान की विभागाध्यक्ष डॉ. दीप्ति मिश्रा ने बताया कि LBC तकनीक से प्राप्त नमूने की बेहतर गुणवत्ता के कारण कोशिकीय परिवर्तनों की पहचान अधिक प्रभावी ढंग से की जा सकती है।
उन्होंने कहा कि इस सुविधा के शुरू होने से मरीजों को जांच रिपोर्ट के लिए अधिक समय तक इंतजार नहीं करना पड़ेगा, जिससे समय पर आगे की जांच एवं उपचार शुरू करने में मदद मिलेगी। आवश्यकता पड़ने पर इसी नमूने से HPV जैसी अन्य जांचें भी की जा सकती हैं।
कार्यक्रम में संस्थान के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक प्रो. विजेंद्र कुमार, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. वरुण विजय, डीन डॉ. प्रमोद कुमार गुप्ता एवं कार्यकारी कुलसचिव डॉ. आयुष लोहिया, डॉ. प्रियंका समीर, डॉ. श्रेष्ठा घोष सहित संस्थान के अन्य संकाय सदस्य, रेजीडेंट्स, नर्सिंग स्टाफ एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।



