बाबा साहब के पवित्र अस्थि कलश से छेड़छाड़ नहीं होगा बर्दाश्त – यशवंत राव
अस्थि कलश के प्रस्तावित स्थानांतरण के विरोध जनसभा, जताई नाराजगी

लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। राजधानी में बाबा साहब भीम राव आंबेडकर के अस्थि कलश हटाने को लेकर संगठनों ने नाराजगी जाहिर की।
सोमवार को बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर महासभा में स्थित बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर के अस्थि कलश एवं बुद्ध विहार के प्रस्तावित स्थानांतरण के विरोध में विशाल जनसभा व पैदल मार्च के बाद प्रेस कांफ्रेंस आयोजित की गयी ।
कार्यक्रम में बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर के पौत्र भीमराव यशवंत राव अंबेडकर सहित सैकड़ों अनुयायियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, बुद्धिजीवियों एवं विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
भीमराव यशवंत राव अंबेडकर ने कहा कि “मेरी दादी माई साहब डॉ. सविता अंबेडकर द्वारा स्थापित बाबा साहब का यह अस्थि कलश मात्र एक स्मारक नहीं, बल्कि एक समाधि स्थल एवं करोड़ों अनुयायियों की श्रद्धा और आस्था का केंद्र है।
इस पवित्र स्थल के साथ किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ या स्थानांतरण घोर अन्याय होगा। जिसे समाज कभी स्वीकार नहीं करेगा।
उन्होंने कहा कि जिस प्रकार प्रधानमंत्री द्वारा बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर से जुड़े पंचतीर्थ स्थलों का संरक्षण एवं सौंदर्याकरण किया गया है।
उसी प्रकार इस ऐतिहासिक अस्थि कलश एवं बुद्ध विहार महासभा स्थल को भी विशेष संरक्षण प्रदान करते हुए विश्व धरोहर के रूप में विकसित किया जाना चाहिए।
यशवंत राव अंबेडकर ने कहा कि यह स्थल केवल उत्तर प्रदेश ही नहीं, बल्कि देश और दुनिया भर के बाबा साहब के अनुयायियों की भावनाओं से जुड़ा हुआ है। ऐसे में इसे किसी स्थान पर स्थानांतरित करने का प्रयास सामाजिक एवं ऐतिहासिक विरासत के साथ अन्याय होगा।
राजेश कुमार सिद्धार्थ अध्यक्ष संवैधानिक महासंघ द्वारा प्रेस वार्ता के उपरांत अंबेडकर महासभा से हजरतगंज स्थित बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा स्थल तक एक विशाल एवं शांतिपूर्ण पैदल मार्च निकाला गया।
मार्च में शामिल सैकड़ों अनुयायियों ने बाबा साहब की विरासत अस्थि कलश एवं बुद्ध विहार के संरक्षण तथा इसके स्थानांतरण के विरोध में अपनी एकजुटता प्रदर्शित किया।
मार्च के दौरान उपस्थित जनसमूह डॉ अंबेडकर अमर रहे नारे के साथ उत्तर प्रदेश सरकार से मांग की कि बाबा साहब के पवित्र अस्थि कलश महासभा बुद्ध विहार को उसके वर्तमान स्वरूप एवं स्थान पर सुरक्षित रखा जाए तथा इसे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता दिलाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं।
डॉक्टर भीमराव अंबेडकर के पौत्र भीमराव यशवंत राव अंबेडकर ने कहा कि सरकार इसको गंभीरता से नहीं ली तो मैं अस्थि कलश रथ यात्रा लेकर पूरे देश में आन्दोलन करूंगा।
उक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस एवं सभा में मुख्य रूप से पीपी सिंह समता सैनिक दल, प्रोफेसर रामनरेश चौधरी, एडवोकेट जगदीश गवई, राजेश कुमार सिद्धार्थ डॉक्टर अंबेडकर संवैधानिक महासंघ, पीसी कुरील, भीम आर्मी सामाजिक संगठन अनीकेत धानुक, सहित सैकड़ो की संख्या में लोग उपस्थित रहे।



