राष्ट्रीय लोक अदालत में लाखों मामलों का निपटारा
बन्दियों के निर्मित वस्तुओं की लगी प्रदर्शनी

लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। राजधानी राष्ट्रीय लोक अदालत में लाखों मामलों का निपटारा किया गया।
शनिवार को जनपद न्यायाधीश लखनऊ मलखान सिंह की उपस्थिति में राष्ट्रीय लोक अदालत का सफल आयोजन किया गया। जिसमें लगभग 353510 वादों का सफल निस्तारण किया गया ।
जन सामान्य को त्वरित, सस्ता एवं सुलभ न्याय उपलब्ध कराने के लिए शनिवार प्रातः 10 बजे पुराना उच्च न्यायालय स्थित मीडियेशन सेंटर लखनऊ में जनपद
न्यायाधीश लखनऊ मलखान सिंह की उपस्थिति में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन दीप प्रज्जवलन एवं माँ सरस्वती की प्रतिमा में माल्यार्पण करके राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ किया।
राष्ट्रीय लोक अदालत के आयोजन में जैनेन्द्र कुमार पाण्डेय अपर जिला जज कोर्ट सं-1 कुँवर मित्रेश सिंह कुशवाहा सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण तथा समस्त न्यायिक अधिकारीगण, राज बहादुर अपर जिलाधिकारी (न्यायिक), बैंकों के पदाधिकारी, लीगल एड डिफेन्स काउन्सिल के
अधिवक्ता, पराविधिक स्वयं सेवक, नामिका अधिवक्ता एवं कर्मचारी उपस्थित रहें। कार्यक्रम का संचालन कुँवर मित्रेश सिंह कुशवाहा सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण लखनऊ द्वारा किया गया।
राष्ट्रीय लोक अदालत के अवसर पर वादकारियों के स्वास्थ्य के लिए न्यायालय परिसर में हेल्थ कैंम्प, आदर्श कारागार बन्दियों द्वारा निर्मित वस्तुओं की प्रदर्शनी, आधार कैम्प, स्वयं सेवी संस्थाओं द्वारा निर्मित वस्तुओं की प्रदर्शनी लगायी गयी।
वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडेक्ट के तहत स्टॉल लगाया गया जिसका शुभारम्भ जनपद न्यायाधीश लखनऊ मलखान सिंह द्वारा किया गया ।
राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ करते ये जनपद न्यायाधीश लखनऊ मलखान सिंह द्वारा अधिक से अधिक वाद सुलह समझौते के आधार पर राष्ट्रीय लोक अदालत में निस्तारित किये जाने का आवाहन किया गया।
जनपद न्यायालय लखनऊ सहित मोटर दावा दुर्घटना अधिकरण, पारिवारिक न्यायालय परिसर, वाणिज्यिक न्यायालय, भूमि अर्जन पुनर्वासन एवं पुनव्यवस्थापन प्राधिकरण, उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग,
श्रम न्यायालय, स्थायी लोक अदालत लखनऊ, कलेक्ट्रेट एवं समस्त तहसीलों आदि में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। जिसमें विभिन्न न्यायालयों द्वारा लगभग 27218 मामलें, मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के कुल 285 मामलें,
वाणिज्यिक न्यायालय के 59 मामलें, एनआईएक्ट के 1110 मामलें तथा पारिवारिक न्यायालय के 259 मामलों सहित न्यायालय में लम्बित कुल 29031 वादों का निस्तारण कर कुल रु 380532021/- की धनराशि वसूल की गयी। प्री-लिटिगेशन स्तर पर राजस्व के
कुल 102085 वादों, मुख्य चिकित्सा अधिकारी के कुल 201158 वादों. नगर निगम लखनऊ के 18892 वादों बैंक रिकवरी. फाइनेंस कम्पनी एवं बीएसएनएल द्वारा कुल 2069 वादों, प्रीलिटिगेशन वैवाहिक विवादों के 56 मामले
तथा अन्य प्रकरणों सहित कुल 323337 मामलों का निस्तारण कर कुल रु० 93980371/- की धनराशि वसूल ह्यी। इस प्रकार राष्ट्रीय लोक अदालत में लगभग 353510 मामलों का निस्तारण कर कुल रुपये 474512392/- की धनराशि वसूल की गयी।



