चिकित्सकों ने विद्यार्थियों को दी एलर्जी से बचाव की जानकारी

- राष्ट्रीय एलर्जी दिवस पर चलाया जागरूकता अभियान
लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। राष्ट्रीय एलर्जी दिवस जागरूकता अभियान चलाया गया। बुधवार को
राष्ट्रीय एलर्जी दिवस पर डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान एवं विद्यालय में जागरूकता अभियान चलाया गया। जिसमें 200 विद्यार्थियों को एलर्जी से बचाव की जानकारी दी गयी। राष्ट्रीय एलर्जी दिवस के उपलक्ष्य में इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स के एलर्जी एंड एप्लाइड इम्यूनोलॉजी चैप्टर के तत्वावधान में ‘स्टैम्प आउट एलर्जी’ अभियान के अंतर्गत अस्पताल एवं विद्यालय स्तर पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इसी क्रम में रेड रोज सीनियर सेकेंडरी स्कूल, गोमतीनगर में विशेष जागरूकता कार्यक्रम में लगभग 200 छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों ने भाग लिया। वहीं कार्यक्रम का संचालन डॉ. शीतांशु श्रीवास्तव एवं लखनऊ एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स की अध्यक्ष डॉ. शालिनी भसीन द्वारा किया गया। इस अवसर पर विद्यालय की चेयरपर्सन स्मिता मिश्रा एवं प्रधानाचार्या दीपाली मखीजा उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम में बच्चों को अस्थमा, एलर्जिक राइनाइटिस, खाद्य एलर्जी, त्वचा संबंधी एलर्जी तथा इनके लक्षणों, कारणों, बचाव एवं उपचार के बारे में सरल एवं रोचक तरीके से जानकारी दी गई। विशेष रूप से एनाफिलैक्सिस जैसी गंभीर एवं जानलेवा एलर्जिक प्रतिक्रिया की शीघ्र पहचान, इसके चेतावनी संकेतों तथा आपातकालीन उपचार के महत्व के बारे में विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को जागरूक किया गया।
डॉ. शीतांशु श्रीवास्तव, प्रोफेसर, बाल रोग विभाग ने बताया कि बच्चों में एलर्जी एक महत्वपूर्ण स्वास्थ्य समस्या है। समय पर पहचान, उचित उपचार एवं एलर्जी उत्पन्न करने वाले कारकों से बचाव द्वारा बच्चों के स्वास्थ्य एवं जीवन की गुणवत्ता में महत्वपूर्ण सुधार किया जा सकता है। उन्होंने विद्यालयों में शिक्षकों एवं विद्यार्थियों को गंभीर एलर्जिक प्रतिक्रियाओं की पहचान तथा आपातकालीन स्थिति में त्वरित कार्रवाई के प्रति जागरूक करने की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया।
इससे पूर्व बीते मंगलवार को संस्थान की विभिन्न ओपीडी में भी विशेष एलर्जी जागरूकता गतिविधियां चलाई गईं। इन कार्यक्रमों के माध्यम से मरीजों एवं अभिभावकों को बच्चों में होने वाली विभिन्न प्रकार की एलर्जी, अस्थमा, एलर्जिक राइनाइटिस, खाद्य एलर्जी तथा एनाफिलैक्सिस के लक्षणों, रोकथाम और समय पर चिकित्सकीय परामर्श के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। साथ ही एलर्जी से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करने, सही उपचार एवं नियमित फॉलोअप के प्रति जागरूक किया गया। डॉ. शालिनी भसीन, अध्यक्ष, लखनऊ एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स ने बच्चों, अभिभावकों एवं शिक्षकों में एलर्जी संबंधी जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया।



