राजधानी में मिला नकली दवाओं का भंडार
एफएसडीए की टीम को मिली एक और बड़ी कामयाबी

लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की आक्रामक कार्रवाई से नकली दवाओं के कारोबारियों की नींद उड़ गयी है।
अभी हाल ही बीकेटी क्षेत्र अंतर्गत ओमनी कार में नकली दवाओ की खेप पकड़ने का मामला ठंडा नहीं हुआ कि अब राजधानी के आमीनबाद में नकली अवैध दवाओं का जखीरा पकड़ लिया गया है।
बीते 8 और 9 जुलाई को औषधि निरीक्षक संदेश मौर्य एवं विवेक कुमार सिंह द्वारा राजधानी पुलिस के सहयोग से अमीनाबाद स्थित एक अवैध गोदाम का निरीक्षण किया गया।
जहां भारी मात्रा में एलोपैथिक औषधियां भंडारित पाई गईं। निरीक्षण के दौरान अनेक प्रतिष्ठित ब्रांडों की दवाओं के लेबल पर गंभीर प्रिंटिंग एवं स्पेलिंग संबंधी त्रुटियां मिली।
जिसे देखने पर नकली होने की आशंका हुई और संबंधित व्यक्ति रंजीत सिंह जुल्का द्वारा न तो कोई वैध औषधि लाइसेंस प्रस्तुत किया गया और न ही दवाओं के क्रय-विक्रय से संबंधित कोई अभिलेख अथवा बिल उपलब्ध कराया गया।
साथ ही जाँच के दौरान पाया गया कि विभिन्न व्यक्तियों से बिना बिल के कम कीमत पर दवाएं खरीदकर बाजार में बेची जाती थीं। जिसमें कुल 27 संदिग्ध औषधियों के नमूने विधिसम्मत प्रक्रिया के अनुसार संग्रहित कर राजकीय प्रयोगशाला में परीक्षण एवं विश्लेषण के लिए भेज दिया गया हैं।
शेष समस्त औषधियों को सूचीबद्ध कर न्यायालय की अनुमति के उपरांत विधिसम्मत रूप से सीलबंद किया गया है। जिसकी अनुमानित कीमत कुल 21 लाख रूपये बताई जा रही है।
ज्ञात हो कि बीते दिनों प्रकरण में बक्शी का तालाब से राज विक्रम सिंह के अवैध गोदाम से तथा जनपद गोण्डा में भी अमन कसौधन व् अन्य एक के विरुद्ध संबंधित अभियोग पंजीकृत किए जा चुके हैं।
इसके अलावा गोण्डा में कार्रवाई के दौरान एनडीपीएस श्रेणी की औषधियों का भी अवैध भंडारण बरामद की गयी है। बक्शी का तालाब से कुल 4 संदिग्ध नमूनों को संगृहीत कर लग भाग 3 लाख रूपये की अवैध औषधियों को सील किया गया है।
जांच के दौरान प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर अवैध नेटवर्क के तार राजस्थान राज्य से जुडा होना पाया गया। साक्ष्यों के आधार पर पाया गया कि सभी व्यक्तियों द्वारा नकली एवं अवैध औषधियों के निर्माण, भंडारण, परिवहन तथा बिना बिल के क्रय-विक्रय का संगठित नेटवर्क संचालित है।
वहीं विभाग द्वारा भारतीय न्याय संहिता की धारा के अंतर्गत मुख्य अभियुक्त भूपेन्द्र शर्मा, राजस्थान, गुरजर राजस्थान, जिनके द्वारा इन औषधियों का निर्माण कर भारी मात्रा में उत्तर प्रदेश में बेंचा जा रहा है।
अन्य अभियुक्त वीरू सिंह चैहान, इलाहाबाद, राज विक्रम सिंह, लखनऊ, अमन कशौंधन, गोण्डा, रिहान- सीतापुर, मिश्रा वाराणसी, व् रंजीत सिंह जुल्का के विरूद्ध थाना अमीनाबाद में प्राथमिकी दर्ज किए जाने के लिए प्रार्थना-पत्र प्रस्तुत किया गया है। साथ ही
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन द्वारा प्रदेशवासियों से अपील की गयी कि दवाएं केवल लाइसेंसधारी मेडिकल स्टोर से ही खरीदें,और खरीदारी का बिल अवश्य लें तथा किसी भी संदिग्ध औषधि या अवैध भंडारण की सूचना तत्काल विभाग को दें।
नकली दवाओं के भंडार में
प्रतिष्ठित ब्रांडों जैसे Telma, Flozen-AA, MOXYZIDE-CV 625 LB, Pantop 40 ,रिओपोडस्व, Zerodal s p,
Alfa, alprazolam, Spasmoproxiwan capsule, Clavam 625 tab, Calmpik tab, LCIN TAB,
CHYMORLFORTE TAB, RASODI बरामद की गयी। 



