मरीजों को सीओपीडी के बारे में दी जानकारी
ब्रीद बेटर, लिव बेटर” थीम पर आधारित कार्यक्रम

लखनऊ,भारत प्रकाश न्यूज़। ब्रीद बेटर, लिव बेटर” थीम के तहत जागरूक किया। गुरुवार को डॉ.राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के फिजियोलॉजी विभाग और रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग द्वारा संयुक्त रूप से सीओपीडी मरीजों के लिए एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
यह इंटरैक्टिव कार्यक्रम संस्थान के अकादमिक ब्लॉक स्थित सेंटर ऑफ इंडियन नॉलेज सिस्टम (योगशाला) में किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत फिजियोलॉजी विभाग की विभागाध्यक्ष, प्रो. रजनी बाला जसरोतिया के स्वागत भाषण के साथ आधुनिक चिकित्सा के साथ पारंपरिक स्वास्थ्य प्रथाओ को एकीकृत करने की विभाग की प्रतिबद्धता पर जोर दिया।
यह महत्वपूर्ण और मरीजों केंद्रित पहल संस्थान के नेतृत्व के दूरदर्शी मार्गदर्शन और निरंतर प्रेरणा के तहत क्रियान्वित की गई। जिसमें संस्थान निदेशक प्रो. सीएम सिंह, एवं डीन प्रो. प्रद्युम्न सिंह, सीएमएस प्रो. विक्रम सिंह, और कार्यकारी कुलसचिव प्रो. सुब्रत चंद्र के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम के क्लिनिकल लाभों पर प्रकाश डालते हुए, रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष, प्रो. अजय कुमार वर्मा ने सीओपीडी मरीजों के लिए योग के महत्व पर एक महत्वपूर्ण जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि कैसे विशिष्ट श्वास तकनीकें और हल्के व्यायाम फेफड़ों की क्षमता में सुधार करने, सांस फूलने की समस्या को कम करने और पुरानी श्वसन स्थितियों का प्रबंधन करने वाले मरीजों के जीवन की समग्र गुणवत्ता को उल्लेखनीय रूप से बढ़ाने में मदद कर सकते हैं।
कार्यक्रम में योग विशेषज्ञों के नेतृत्व में लाइव प्रदर्शन और निर्देशित अभ्यास सत्र शामिल था। पल्मोनरी रिहैबिलिटेशन (फेफड़ों के पुनर्वास) में सहायता के लिए विशेष रूप से डिजाइन किए गए श्वसन-अनुकूल योग अभ्यासों के माध्यम से मरीजों और उपस्थित लोगों का मार्गदर्शन किया गया।
इस सफल कार्यक्रम का समापन फिजियोलॉजी विभाग के एडिशनल प्रोफेसर डॉ. मनीष कुमार वर्मा द्वारा दिए गए औपचारिक धन्यवाद प्रस्ताव के साथ हुआ। जिन्होंने आयोजन समिति, संरक्षकों और उत्साहपूर्वक भाग लेने वाले मरीजों के प्रति आभार व्यक्त किया।



