भारत के संतो की रही दिव्य परंपरा -योगी आदित्यनाथ
श्रीमलूकदास देवाचार्य महाराज की 452वीं जयंती में सम्मिलित हुए मुख्यमंत्री

मथुरा। लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। भारतीय संस्कृति को बचाने संतो का विशेष योगदान रहा है।
मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मथुरा-वृन्दावन में आयोजित श्रीमलूक जयंती महोत्सव व सीताराम निकुंज अष्टयाम लीला महोत्सव में सहभागिता की। मुख्यमंत्री ने कहा कि
भारत के संतों की दिव्य परंपरा रही है, जिसने कभी किसी भी विधर्मी के सामने अपने मूल्यों और आदर्शों से विचलित हुए बिना जन-चेतना को जागृत किया। यही चेतना आज के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक भारत का सशक्त आधार है।
भारत भूमि के महान संत श्रीमद् जगद्गुरु द्वाराचार्य श्रीमलूकदास देवाचार्य जी महाराज की 452वीं जयंती के पावन अवसर पर श्रीमज्जगद्गुरु द्वाराचार्य
अग्रपीठाधीश्वर एवं मलूकपीठाधीश्वर पूज्य संत स्वामी राजेंद्र दास देवाचार्य महाराज के सानिध्य में आज मथुरा-वृन्दावन में आयोजित श्रीमलूक जयंती महोत्सव व श्री सीताराम निकुंज अष्टयाम लीला महोत्सव में सहभागिता का सौभाग्य प्राप्त हुआ।
इस अवसर पर पूज्य साधु-संतों एवं धर्माचार्यों की भी गरिमामयी उपस्थिति रही।
मुख्यमंत्री ने जगद्गुरु मलूकदास महाराज की पुण्य स्मृतियों को नमन एवं सभी पूज्य संतों काअभिनंदन किया।



