अब तक 1685 स्टेमी मरीज चिन्हित -ब्रजेश पाठक
स्टेमी प्रोग्राम के तहत सीएचसी में हो रहा ईसीजी

लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। प्रदेश स्तर पर स्टेमी प्रोग्राम को चलाया जा रहा है।
यूपी में हार्ट अटैक के मरीजों की जिंदगी बचाने के लिए कई कदम उठाए गए हैं। ग्रामीण क्षेत्र के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) में स्टेमी प्रोग्राम शुरू किया गया है।
सोमवार को यह जानकारी डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने विधानसभा में विपक्ष के सवालों के जवाब देते हुए कही। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि प्रदेश की सीएचसी को स्टेमी प्रोग्राम के तहत मेडिकल कॉलेजों को जोड़ा गया है।
स्पोक हब मॉडल के तहत 57 मेडिकल कॉलेज चिन्हित हैं। इनमें ह्दय रोग विशेषज्ञों का एक वॉट्सग्रुप बनाया गया है। सीएचसी में जैसी ही मरीज सीने में दर्द की परेशानी लेकर आते हैं। मरीज का तुरंत ईसीजी कराया जाताा है। उसकी रिपोर्ट वॉट्सएप ग्रुप पर शेयर कर दी जाती है। विशेषज्ञ डॉक्टर की सलाह पर इलाज शुरू कर दिया जाता है।
डिप्टी सीएम ने कहा कि अब तक 1685 स्टेमी मरीज चिन्हित किए गए। इनमें 958 मरीज को खून का थक्का घोलने का इंजेक्शन दिया गया। यह इंजेक्शन करीब 40 हजार रुपये का है। इंजेक्शन लगने के बाद मरीज छह से आठ घंटे तक सुरक्षित हो जाता है।
उसके बाद मरीज को निकट के मेडिकल कॉलेज में रेफर किया जाता है। जहां एंजियोग्राफी आदि प्रक्रिया की जाती है।
सपा मुंगेरी लाल के देख रही हंसीन सपने..
आशा वर्कर का मानदेय दोगुना किया गया है। सपा सरकार उन्हें साढ़े सात सौ रुपये दे रही थी। भाजपा सरकार ने 1500 कर दिया है। हम लगातार उनके संपर्क में हैं। आशा हमारे विभाग की रीढ़ हैं।
हम उनका सम्मान करते हैं। सपा ने कभी आशा के बारे में नहीं सोचा। हमेशा जुगाड़ में लगे रहते हैं। अब सपा को सफलता नहीं मिलने वाली है। यह केवल मुंगेरी लाल के हंसीन सपने देखते हैं।
डिप्टी सीएम ने विपक्ष पर किया करारा प्रहार
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने सपा पर करारा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि सपा ने हमेशा वोट की खातिर जनता को गुमराह किया। चुनाव के बाद जनता को दांव दे दिया। सपा कभी भी जनता के साथ खड़ी नहीं हुई। उनके हित के लिए कोई काम नहीं किया।
वह सोमवार को विधानसभा में विपक्ष के सवालों के जवाब दे रहे थे। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में सपा का पूरी तरह से सफाया हो जाएगा।
प्रदेश में मानक के खिलाफ चल रहे 500 प्राइवेट अस्पताल की शिकायत मिली। जिसमें 178 अस्पतालों का लाइसेंस निरस्त किया। इन अस्पतालों ने अपील की। 59 अस्पतालों की न्याय प्रक्रिया के तहत सुनवाई की गई। परीक्षण किया गया।
इसके बाद 59 अस्पतालों का लाइसेंस बहाल किया गया। मानकविहीन 281 अस्पतालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया। 533 अस्पतालों को सीज किया गया है। 1542 अस्पतालों को नोटिस जारी किया गया है।
426 पैथोलॉजी सेंटर को नोटिस। 84 को लाइसेंस निरस्त किया था। अपील के बाद 33 सेंटरों का लाइसेंस बहाल किया। 57 सेंटरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। 91 सेंटरों को सील किया गया है।
आशा वर्कर को मातृत्व अवकाश..
डिप्टी सीएम ने कहा कि आशा वर्कर को रात में सीएचसी में रहने की व्यवस्था की गई है। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। मातृत्व अवकाश प्रदान किया जा रहा है। भाजपा सरकार ने आशा वर्कर की छुट्टी व दवाओं का इंतजाम भी किया है।



