एफएसडीए ने नशीली दवाओं के अवैध कारोबार पर कसी नकेल
प्रदेश भर में चला अभियान, 98 फर्मो पर एनडीपीएस के तहत मामला दर्ज

लखनऊ, भारत प्रकाश न्यूज़। प्रदेश भर में नशीली दवाओं के अवैध कारोबार पर नकेल कसने के लिए एफएसडीए का अभियान जारी है।
जिसमें एफएसडीए की संयुक्त टीम द्वारा प्रदेश के विभिन्न जनपदों में अभियान चलाकर नशीली दवाओं में संलिप्त फर्मो के खिलाफ कार्रवाई की गयी। कोडीन युक्त कफ सिरप व एनडीपीएस श्रेणी की औषधियों के अवैध व्यापार पर औषधि विभाग द्वारा नित नए अवैध कारोबारियों के पन्ने पलटने में लगा हुआ हैं और अवैध कारोबारियों का खुलासा भी हो रहा है।
जिसे उत्तर प्रदेश के विभागीय मंत्री मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश की मंशा (नशा मुक्त भारत) नीति के अंतर्गत प्राप्त निर्देशों के अनुपालन में औषधि विभाग द्वारा विगत माह से कोडीनयुक्त कफ सिरप एवं अन्य एनडीपीएस श्रेणी की औषधियों के अवैध भंडारण, क्रय-विक्रय, वितरण व अवैध डायवर्जन (IIIlegal-Diversion) की रोकथाम के लिए सघन अभियान चलाया है।
जिसके अंतर्गत प्रदेश के कई औषधि विक्रय प्रतिष्ठानों के व्यापक निरीक्षण जांच में अवैध व्यापार में लिप्त फार्मों, व्यक्तियों के एक अंतर राज्य सिन्डकेट का खुलासा किया गया था।
एफएसडीए की अग्रिम जांच के क्रम में कई अन्य औषधि प्रतिष्ठानों पर भी अपर्याप्त भंडारण व्यवस्था, फर्म का अस्तित्व न होना,केवल अवैध “बिलिंग पॉइंट” के रूप में स्थापना, क्रय विक्रय अभिलेखों को प्रस्तुत न करना, जैसी गंभीर अनियमितता पाई गई।
जिससे स्पष्ट हो गया कि फर्म द्वारा इन औषधियों का गैर चिकित्सकीय उपयोग के लिए बिक्री करके नशे के रूप में दुरुपयोग के लिए (illegal-Diversion) किया जा रहा है।
जब एफएसडीए द्वारा पुष्टि हो जाने पर 28 नवंबर से 29 नवंबर तक, 6 जनपदों विभाग द्वारा ऐबट हेल्थकेयर, लबोरेट फार्मासुटिकल्स व थ्री-बी हेल्थकेर निर्माताओं की सप्लाइ चेन वाली 11 (ग्यारह) फ़र्मों एवं संबंधित संचालकों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता 2023 व एनडीपीएस एक्ट की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत संबंधित थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई गई हैं।
एफएसडीए ने इन जिलों के प्रतिष्ठानों पर की कार्रवाई..
>> जौनपुर में वान्या एनर्प्राइज, (विशाल उपाध्याय), आकाश मेडिकल स्टोर, (आकाश मौर्य), मनीष मेडिकल स्टोर, अरुण पर विधिक कार्रवाई जारी।
> भदोही सोनकर), शिवम मेडिकल स्टोर (शिवम कुमार मौर्य)। राजेन्द्र एण्ड संस (अंशिका गुप्ता), दिलीप मेडिकल स्टोर, (दिलीप कुमार)।
>> सोनभद्र माँ कृपया मेडिकल स्टोर, (सत्यम कुमार), शिविक्षा फार्मा (विजय गुप्ता)।
लखीमपुर खीरी पीयूष मेडिकल एजेंसी (सरोज कुमार मिश्रा)।
>> प्रयागराज एम के हेल्थकेर (मो. सैफ)।
>> बहराइच अवैध बिना नाम मेडिकल स्टोर, (नीरज कुमार दीक्षित)।
प्रदेश भर में कोडीनयुक्त कफ सिरप एवं अन्य एनडीपीएस श्रेणी की औषधियों के अवैध भंडारण, क्रय-विक्रय, वितरण व विपथित (illegal-Diversion) पर चलाए जा रहे
व्यापक अभियान में औषधि विभाग द्वारा जनपद वाराणसी के 28, जौनपुर 16, कानपुर नगर-8, लखीमपुर खीरी- 4, लखनऊ 3, एवं अन्य जनपदों के 39, अवैध अपराध में संलिप्त कुल 98 फ़र्मों संबंधित संचालकों के विरुद्ध बीएनएस एक्ट व एनडीपीएस एक्ट की धाराओं के अन्तर्गत प्राथमिकी दर्ज कराई गयी। जिसमें
वाराणसी,जौनपुर,कानपुर नगर,लखीमपुर खीरी,लखनऊ,राय बरेली, चंदौली, सुल्तानपुर, गाज़ीपुर, अन्य जिले शामिल हैं। एफएसडीए के अनुसार
कोडीनयुक्त कफ सिरप एवं एनडीपीएस श्रेणी की औषधियाँ को औषधि नियमावली, 1945 की अनुसूची-एच-2 में सूचीबद्ध किया गया है। जिनकी बिक्री केवल पंजीकृत चिकित्सक (रजिस्टर्ड मेडिकल प्रैक्टिशनर – आरएमपी) के प्रिस्क्रिप्शन (चिकित्सीय परामर्श) पर ही की जा सकती है व फुटकर औषधि विक्रेताओं (रिटेल केमिस्टस) को इन औषधियों का विक्रय विवरण विधिवत रूप से रक्षित किया जाना प्रविधानित है।
विगत दिनों चलाए गए अभियान में यह पाया गया है कि, कोडीनयुक्त कफ सिरप एवं अन्य एनडीपीएस श्रेणी औषधियों को चिकित्सकीय उपयोग के लिए बिक्री के बजाय अवैध रूप से नशे के रूप में दुरुपयोग के लिए विपधित (Illegal-Diversion) किया जा रहा है।
इस प्रकार का दुरुपयोग सामाजिक व स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्याएं उत्पन्न करता है। अवैध गतिविधि पर व्यापक नियंत्रण लगाने के लिए, औषधि निरीक्षकों द्वारा इन औषधियों की खरीद व बिक्री पर की गई जांच को, उचित निगरानी के लिए प्रदेश के सभी जिलाधिकारी को निर्देशित किया गया है।
जिससे कोडीनयुक्त कफ सिरप व एनडीपीएस औषधियों के अवैध कारोबार पर नियंत्रण कर उसे सही चिकित्सकीय उपयोग को सुनिश्चित किया जा सके ।



