माल ब्लॉक में शुरू हुआ आईडीए अभियान
19 साल के बच्चों को कृमि मुक्ति की दवा एल्बेंडाजोल खिलाई

लखनऊ,भारत प्रकाश न्यूज़। राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर दवा खिलाई गयी।
राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत जनपद में माल ब्लॉक को छोड़कर सभी ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में मंगलवार को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस (एनडीडी)का आयोजित किया गया।
जिसके तहत एक से 19 साल के बच्चों को कृमि मुक्ति की दवा एल्बेंडाजोल खिलाई गयी। इसी क्रम में नेशनल इंटर कॉलेज में कार्यक्रम का शुभारम्भ मुकेश शर्मा, विधान परिषद सदस्य ने बच्चों को कृमि मुक्ति की दवा एल्बेंडाजोल खिलाकर किया।
इस मौके पर विधान परिषद् सदस्य ने कहा कि पेट में कीड़े बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास में बड़ी बाधा बनते हैं। इससे बच्चों में कमजोरी , एनीमिया, पढ़ाई में पिछड़ने जैसी समस्याएं उत्पन्न होती हैं।
सरकार की मंशा है कि बच्चों को स्वस्थ एवं सुपोषित रखा जाये जिससे कि वह सशक्त एवं सक्षम नागरिक बने। उन्होंने सभी अभिभावकों से अपील की कि वह अपने बच्चों को एल्बेंडाजोल अवश्य खिलाएं।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एनबी सिंह ने बताया कि 10 फरवरी को जनपद के सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त, निजी विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को एल्बेंडाजोल की खिलाई जाएगी। यह अभियान शिक्षा एवं आईसीडीएस विभाग के सहयोग से संचालित किया जाएगा।
स्कूल जाने वाले बच्चों को विद्यालयों के माध्यम से तथा स्कूल न जाने वाले बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से दवा खिलाई जाएगी। जो बच्चे मंगलवार को दवा सेवन से वंचित रह जाएंगे, उन्हें 13 फरवरी को आयोजित मॉप-अप राउंड में दवा दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि अभियान का उद्देश्य जनपद के प्रत्येक पात्र बच्चे को एल्बेंडाजोल खिलाकर उन्हें कृमि मुक्त करना और उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में सुधार सुनिश्चित करना है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि एनडीडी के तहत एक से 19 साल के लगभग 18.22 लाख बच्चों को एल्बेंडाजोल खिलाने का लक्ष्य है। नेशनल इंटर कॉलेज में लगभग 500 बच्चों ने दवा का सेवन किया।
इस मौके पर नोडल डॉ. अनिल श्रीवास्तव, जिला स्वास्थ्य शिक्षा एवं सूचना अधिकारी योगेश रघुवंशी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक सतीश यादव,जिला सामुदायिक प्रक्रिया प्रबंधक विष्णु प्रताप, डीईआईसी मैनेजर डॉ. गौरव सक्सेना,सीएचसी अधीक्षक एनके रोड
डॉ. वाईके सिंह, प्रधानाचार्य राम चन्द्र, सहयोगी संस्था सेंटर फॉर एडवोकेसी एंड रिसर्च (सीफॉर) और एविडेंस एक्शन व कॉलेज के शिक्षक व छात्र छात्राएं मौजूद रहे।



